Bihar News

बिहार: ब्लैक फंगस के बढ़ते मामलों के बीच दवाओं की कमी से बढ़ी टेंशन, सर्जरी में हो रही देरी

बिहार: ब्लैक फंगस के बढ़ते मामलों के बीच दवाओं की कमी से बढ़ी टेंशन, सर्जरी में हो रही देरी
) रुचिर शुक्ला | टाइम्स न्यूज नेटवर्क | अपडेट किया गया: 08 जून 2021, 03:17:00 अपराह्न Black Fungus Cases in Bihar: ब्लैक फंगस के इलाज और इसे दूसरे अंगों में फैलने से रोकने के लिए इस्तेमाल की जाने वाली प्राइमरी दवा लिपोसोमल एम्फोटेरिसिन-बी पटना के अस्पतालों में उपलब्ध नहीं है। पिछले कुछ हफ्तों से यही…
|

Black Fungus Cases in Bihar: ब्लैक फंगस के इलाज और इसे दूसरे अंगों में फैलने से रोकने के लिए इस्तेमाल की जाने वाली प्राइमरी दवा लिपोसोमल एम्फोटेरिसिन-बी पटना के अस्पतालों में उपलब्ध नहीं है। पिछले कुछ हफ्तों से यही स्थिति है ऐसे में डॉक्टर संबंधित मरीजों की सर्जरी लगातार टाल रहे हैं।

Bihar News: मुजफ्फरपुर में मुस्लिम धर्मगुरुओं ने लगवाई वैक्सीन, की अपील- जरूर लें कोरोना का टीका

हाइलाइट्स:

  • बिहार में कोरोना के घटे मामले, लेकिन ब्लैक फंगस ने बढ़ाई परेशानी
  • एम्स पटना में अब तक आए 120 ब्लैक फंगस के केस, IGIMS में 110 मामले
  • ब्लैक फंगस के जरूरी दवा एम्फोटेरिसिन-बी पटना के अस्पतालों में उपलब्ध नहीं
  • ऐसे में संबंधित मरीजों की सर्जरी लगातार टाल रहे हैं डॉक्टर

पटना
बिहार में कोरोना संक्रमण की रफ्तार लगातार कमजोर पड़ती जा रही है। सोमवार को 762 नए मरीज सामने आए। इसी के साथ पॉजिटिव मरीजों का आंकड़ा 8,230 तक पहुंच गया है। हालांकि, ब्लैक फंगस के बढ़ते मामलों ने सरकार की टेंशन बढ़ा रखी है। पटना में सोमवार को भी ब्लैक फंगस के 12 से ज्यादा नए केस सामने आए। इस बीच अस्पतालों में इससे संबंधित दवा की कमी का सीधा असर इलाज पर हो रहा है। मरीजों की सर्जरी में देरी हो रही है।

ब्लैक फंगस में जरूरी एम्फोटेरिसिन-बी इंजेक्शन की कमी
ब्लैक फंगस के इलाज और इसे दूसरे अंगों में फैलने से रोकने के लिए इस्तेमाल की जाने वाली प्राइमरी दवा लिपोसोमल एम्फोटेरिसिन-बी पटना के अस्पतालों में उपलब्ध नहीं है। पिछले कुछ हफ्तों से यही स्थिति है ऐसे में डॉक्टर संबंधित मरीजों की सर्जरी लगातार टाल रहे हैं। एम्स पटना में कोविड विभाग के नोडल अधिकारी डॉ. संजीव कुमार ने बताया कि जैसे ही एम्फोटेरिसिन-बी इंजेक्शन स्टॉक में आएगा तुरंत ही म्यूकोर्मिकोसिस (ब्लैक फंगस) मरीजों का इलाज शुरू होगा।

इसे भी पढ़ें:- बिहार में खत्म हुआ लॉकडाउन लेकिन कई पाबंदियों के साथ, अभी भी भीड़ से बचने की जरुरत

इलाज में हो रही परेशानी, टल रही सर्जरी
डॉ संजीव ने बताया कि हालांकि, हम एक दिन में 10 मरीजों का ऑपरेशन कर सकते हैं। लेकिन इंजेक्शन की भारी कमी के कारण हम केवल चार या पांच सर्जरी ही कर रहे हैं। अभी हम सर्जरी को टालने के लिए मरीजों को सिर्फ दवाएं दे रहे हैं। एम्स पटना में अब तक 120 ब्लैक फंगस मरीजों को भर्ती कराया गया है।

Muzaffarpur News: कोरोना से बेखौफ बोचहां विधायक के बेटे ने उड़ाई लॉकडाउन की धज्जियां, क्रिकेट मैच का आयोजन कर जुटाई हजारों की भीड़

पटना IGIMS में ब्लैक फंगस के 110 केस
राजधानी एक और बड़े अस्पताल इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान (आईजीआईएमएस) में ऐसे मरीजों की संख्या 110 हो गई है। पारस अस्पताल में भर्ती 23 ब्लैक फंगस के मरीजों में से अब तक 12 की मौत हो चुकी है। अस्पताल के क्षेत्रीय निदेशक डॉ तलत हलीम ने कहा कि हमें सरकार को मरीजों के नाम भेजने के बाद ही एंटी-फंगल इंजेक्शन मिलता है। हालांकि, हमें सोमवार को इसकी कमी का सामना करना पड़ा।

Aurangabad News: अप्रैल में लगवाई वैक्सीन… जून में आया मैसेज, अब असमंजस में लोग- ‘दूसरी डोज कब लगेगी’

बिहार में क्या है कोरोना की स्थिति
राज्य में सोमवार को कुल 1,00,113 नमूनों की जांच की गई। रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले 24 घंटे में 1,196 लोग कोरोना संक्रमण से मुक्त हो कर अपने घर लौट गए हैं। फिलहाल राज्य में रिकवरी रेट 98. 09 फीसदी है। सोमवार को कोविड-19 के सक्रिय मरीजों की संख्या घटकर 8,230 तक पहुंच गई है। इस दौरान 43 संक्रमितों की मौत हुई। राज्य में अब संक्रमण से मरने वालों का आंकड़ा 5,424 पहुंच गया है।

743

Navbharat Times News App: देश-दुनिया की खबरें, आपके शहर का हाल, एजुकेशन और बिज़नेस अपडेट्स, फिल्म और खेल की दुनिया की हलचल, वायरल न्यूज़ और धर्म-कर्म… पाएँ हिंदी की ताज़ा खबरें डाउनलोड करें NBT ऐप

लेटेस्ट न्यूज़ से अपडेट रहने के लिए NBT फेसबुक पेज लाइक करें

Web Title : corona crisis bihar: unavailability primary drug used treat black fungus delays surgeries in patna
Hindi News from Navbharat Times, TIL Network

Read More